CERSAI : इस आर्टिकल में आपको सीईआरएसएआई क्या है (What is CERSAI in Hindi) के साथ सीईआरएसएआई ऑनलाइन रेजिस्ट्रेशन प्रोसेस (How to Register in CERSAI), CERSAI का फ़ुल फ़ॉर्म क्या है, (CERSAI Full Form), इसकी उपयोगिता और लाभ के बारे में पूरी जानकारी दी गई है. अगर आप सीईआरएसएआई के बारे में सभी जानकारी चाहते हैं, तो इस पोस्ट को ध्यान से पूरा पढ़ें.

सीईआरएसएआई की स्थापना से पहले भारत में सम्पत्तियों और Assests की Registry के लिए कोई केंद्रीयकृत सुविधा नही थी. Assets की जानकारी सिर्फ़ ऋणदाता बैंक या संस्थान के पास ही रहती थी. इस वजह से उसी Assest पर ग्राहक दूसरे बैंक या संस्थान से दोबारा ऋण ले लेता था, इससे धोखाधड़ी बढ़ती थी और वित्तीय संस्थानों पर NPA का बोझ भी बढ़ता था.

CERSAI की स्थापना के बाद सभी ऐसेट्स के लिए केंद्रीयकृत Registry Portal बन गया, जिससे अब ऋण दाता ऋण की मंज़ूरी से पहले जमा किए गए Assets के बारे में पूरी जानकारी पा सकते हैं. अब आइए जानते हैं CERSAI क्या है और इसकी बाक़ी जानकारी.

CERSAI क्या है

CERSAI Kya Hai in Hindi : भारत के सिक्योरिटाइजेशन एसेट रिकंस्ट्रक्शन एंड सिक्योरिटी इंट्रेस्ट की सेंट्रल रजिस्ट्री [सीईआरएसएआई] एक सरकारी कंपनी है. इसकी स्थापना केंद्र सरकार ने सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों और राष्ट्रीय आवास बैंक के साथ मिलकर वित्तीय व्यवस्था और सुरक्षा अधिनियमों के प्रवर्तन के अध्याय IV के प्रावधानों के तहत पंजीकरण प्रणाली (Registration System) के संचालन के लिए शुरू किया था।

बाद में, CERSAI को PML नियम 2005 के तहत संचालित, केवाईसी रजिस्ट्री (KYC Registry) के संचालन और रखरखाव (Maintenance of Records) की जिम्मेदारी सौंपी गई। इसको कंपनी अधिनियम, 2013 की धारा 8 के तहत लाइसेंस प्राप्त है। इसका पंजीकृत कार्यालय नई दिल्ली में है।

सीईआरएसएआई के प्रमुख शेयरधारक भारत की केंद्र सरकार के साथ सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक और राष्ट्रीय आवास बैंक हैं. 51% हिस्सेदारी के साथ भारत की केंद्र सरकार इस कंपनी में सबसे बड़ी शेयर होल्डर है।

CERSAI [‘सिक्योरिटीज एसेट रिकंस्ट्रक्शन एंड सिक्योरिटी इंट्रेस्ट’] की स्थापना से पहले, संपत्तियों के विवरण की जानकारी रखने के लिए विकेंद्रिकृत प्रणाली होने की वजह से सिर्फ़ उधारकर्ता और ऋणदाता के पास ही रहती थी, इसके लिए कोई केंद्रीयकृत मॉडल नही था। विकेंद्रिकृत प्रणाली होने की वजह से उस समय उधारकर्ता एक ही संपत्ति का उपयोग करके कई बैंकों से विभिन्न ऋण ले सकते थे।

सीईआरएसएआई बनने के बाद जब कोई बैंक किसी संपत्ति के लिए वित्त पोषण करता है यानी उधार देता है, तो बैंक द्वारा उस सम्पत्ति का विवरण सीईआरएसएआई के डेटाबेस में दर्ज करा दिया जाता है. ऐसा होने पर अगर संपत्ति का मालिक किसी दूसरे ऋणदाता बैंक के पास लोन लेने के लिए जाता है, तो बैंक सीईआरएसएआई के डेटाबेस से चेक करके पता कर सकते हैं कि उस संपत्ति को पहले किसी अन्य बैंक या उसी बैंक में गिरवी रख कर लोन लिया गया है या नही.

CERSAI का हिंदी फ़ुल फ़ॉर्म ॰ CERSAI Full Form in Hindi

CERSAI Full Form in Hindi : CERSAI का हिंदी फ़ुल फ़ॉर्म – ‘भारत के सिक्योरिटाइजेशन एसेट रिकंस्ट्रक्शन एंड सिक्योरिटी इंटरेस्ट की केंद्रीय रजिस्ट्री’ होता है. सीईआरएसएआई का मुख्य उद्देश्य Equitable Mortgages के खिलाफ उधार लेनदेन में धोखाधड़ी की गतिविधि को रोकना है। इसकी स्थपाना भारत सरकार द्वारा 31 मार्च, 2011 को कंपनी अधिनियम 2013 की धारा 8 के तहत सरकारी कंपनी के रूप में किया गया था. इसमें भारत सरकार की 51% की हिस्सेदारी है. इसका मुख्यालय नई दिल्ली में है।

CERSAI Full Form

Full form of CERSAI is ‘Central Registry of Securitisation Asset Reconstruction and Security Interest of India’. The main objective of CERSAI is to prevent fraudulent activity in lending transactions against Equitable Mortgages. It was established by the Government of India on March 31, 2011 as a government company under Section 8 of the Companies Act 2013. The Government of India has a 51% stake in it. Its registered office is in New Delhi.

CERSAI के मुख्य उद्देश्य क्या हैं ॰ objectives of CERSAI

सरकार द्वारा जारी निर्देशों के अनुसार, सभी उधारदाताओं जैसे बैंकों, वित्तीय संस्थानों आदि को सुरक्षा हितों के संबंध में सुरक्षा हितों के निर्माण के 30 दिनों की अवधि के भीतर CERSAI के के डेटाबेस में सभी जानकारी को रजिस्टर करने की आवश्यकता होती है। CERSAI के मुख्य उद्देश्य निम्न हैं (objectives of CERSAI in Hindi) :

  • CERSAI का गठन वित्तीय संस्थानों के उधार लेनदेन में होने वाली संदिग्ध गतिविधियों और धोखाधड़ी पर रोक लगाने के लिए किया गया था।
  • इस रजिस्ट्री में ऋण पर सभी प्रासंगिक जानकारी शामिल की जाती है, जो किसी संपत्ति पर ली गई है। इसके अलावा इसमें बैंक या ऋणदाता की सभी प्रासंगिक जानकारी भी शामिल है।
  • इसमें बैंकों और वित्तीय संस्थानों के परिसंपत्ति पुनर्निर्माण और प्रतिभूतिकरण के अंदर होने वाले सभी तरह के लेनदेन को रजिस्टर किया जा सकता है।
  • वर्ष 2012 में CERSAI का दायरा बढ़ा कर किसी भी सुरक्षा हितों को रजिस्टर करने की अनुमति दी गई, जो कि फैक्टरिंग या खातों की प्राप्ति के माध्यम से बनाए जाते हैं।
  • कुछ समय पहले, CERSAI के उद्देश्यों को बढ़ा कर भारत में प्रचलित सभी प्रकार के mortgages के पंजीकरण के साथ-साथ किसी भी सुरक्षा हितों के पंजीकरण के लिए अनुमति दे दी गई।
  • वित्तीय लेनदेन में संदिग्ध और कपटपूर्ण गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए, CERSAI का गठन एक केंद्रीकृत रजिस्ट्री बनाने के लिए किया गया था।

How to register in CERSAI? ॰ CERSAI में रजिस्टर कैसे करें

CERSAI में मुख्य रूप से 2 तरह के उधारकर्ता अपना Registration करवा सकते हैं, जिनमे शामिल हैं :- Secured Creditors और Other creditors. अगर आप किसी वित्तीय कंपनी या संस्थान के रूप में CERSAI में Register करना चाहते हैं, तो नीचे दिए गए स्टेप्स का पालन करें।

Secured Creditors Registration Process

  • सबसे पहले CERSAI की अधिकारिक वेबसाइट “https://cersai.org.in/” ओपन करें।
  • वेबसाइट में दिए गए “Entity Registration” के “View More” पर क्लिक करें।
  • इसमें Registration के लिए दो ऑप्शन दिए जाते हैं – Digital Signature और CKYC. आप अपनी पसंद अनुसार ऑप्शन को चुनें.
    • ‘Digital Signature’ ऑप्शन को चुनने पर Employee ID / Name / Email और Mobile Number जैसी जानकारी भरकर Submit करनी होगी।
    • ‘CKYC’ ऑप्शन चुनने पर केवल CKYC Number की जानकारी देनी पड़ेगी. इसके बाद अब Submit बटन पर क्लिक करें.
  • Submit बटन पर क्लिक करने पर आपकी स्क्रीन पर 3 Window Tab खुलेंगे. जो निम्न हैं :
    • पहला Tab – Entity User Details की जानकारी के लिए.
    • दूसरी Window – PUA यानी Primary User Admin के लिए.
    • तीसरी Window – PUA 2 के लिए.
  • पहली Window (Entity User Details Page) में Entity Category के लिए Dropdown मेन्यू खुलेगा. इसमें दिए गए ऑप्शन में से आपको सही ऑप्शन को select करना है, जो कि निम्न हो सकते हैं :
    • Secured Creditor
    • Revenue Authority
    • Factoring Company
    • ARC
    • Other Creditors
  • Entity Category Select करने के बाद आपको उस Entity का Type भी सेलेक्ट करना होगा, इसके लिए निम्न ऑप्शन दिए जाते हैं :-
    • Public Sector Bank
    • Housing Finance Company
    • Private Bank
    • Local Area Bank
    • NBFC Accepting Public Deposit
    • NBFC Not Accepting Public Deposit
    • Financial Institution
    • Regional Rural Bank
    • Foreign Bank
    • Co-operative Bank
    • Intermediary
    • Security Trustee
  • कैटेगॉरी सेलेक्ट करने के बाद आपको कुछ जानकारियाँ जैसे कि Name, GST Number, PAN, Entity Registration Date, Email, Address इत्यादि भरना होगा.
  • इसके बाद दूसरे Tab (PUA) और तीसरे Tab (PUA 2) के लिए आपको निम्न प्रकार की जानकारी भरनी पड़ेगी.
    • User Name
    • Father Name & Mother Name
    • Employee ID Number
    • Email ID
    • Date of Birth
    • Mobile Number
    • Residential Address
    • Department
  • सभी जानकारियाँ Fill करने के बाद Submit बटन पर क्लिक करके Form Submit करें.
  • Form Submit होने के बाद आपके द्वारा Entity Registration के लिए किया गया Request Pending हो जाएगा. इसके साथ ही आपको आपकी Entity के लिए एक Computer Generated Reference Number दिया जाएगा. इस Number का इस्तेमाल करके आप अपनी Entity Registration Request के Process को Track कर सकते हैं.
  • अब आप Submit किए गए इस Filled Entity Registration Form को डाउनलोड करके इसका प्रिंट लें और ज़रूरी डॉक्युमेंट्स के साथ CERSAI office के पते पर भेज दें।
  • Central Registry Portal पर ‘Entity Registration Successful’ होने के बाद, उस Entity के लिए एक Code Generate होने के साथ ही आपके दो अकाउंट (TDS और Usable) बन जाएँगे।

Other Creditors Registration Process in CERSAI

इस सेक्शन में निम्नलिखित Creditors Register हो सकते हैं :

  • Individuals
  • HUFs
  • Sole Proprietorship
  • BOI

Other Creditors के Registration का Initial Process, Secured Creditors के जैसा ही होता है, फ़र्क़ सिर्फ़ इतना होता है कि इनके लिए ‘Primary User’ टैब उपलब्ध नही होगा।

  • पूरी जानकारी भरकर फ़ॉर्म submit करने बाद Password Create करने के लिए दिए गए Email ID पर एक Link भेजा जाता है, इस लिंक से अपना Password Generate कर सकते हैं.
  • Email पर आने वाली लिंक पर क्लिक करने के उपरांत अपनी USER ID दर्ज करके अपनी पसंद का Password दर्ज करें. इसके लिए 1 फ़ॉर्म ओपन होगा, इस फ़ॉर्म को भरने के बाद Reset बटन पर क्लिक करके अपना Password रिसेट कर लें.
  • इसके बाद आप अपने इस User ID और Passowrd का use करके CERSAI के portal पर Login कर सकते हैं.

CERSAI का उपयोग क्या है

  • CERSAI Registry Portal को कोई भी कोई भी व्यक्ति, बैंक या वित्तीय संस्थान एक निश्चित शुल्क देकर ऑनलाइन ऐक्सेस कर सकता है. ऐसा करके कोई भी ऋणदाता यह सुनिश्चित कर सकता है, कि किसी संपत्ति या Asset पर पूर्व में किसी अन्य ऋणदाता या उसी ऋणदाता द्वारा बनाया गया कोई Security Interest या लोन तो नही है.
  • यह Platform उन संभावित घर खरीदारों या संपत्ति खरीदारों के लिए बहुत फ़ायदेमंद है, जो नई सम्पत्ति ख़रीदने से पहले यह चेक करना चाहते हैं की इस Asset पर पहले कोई उधारी या ऋण तो नही है.
  • इनके Registry Database में बैंकों या वित्तीय संस्थानों द्वारा दिए गए सभी ऋण के बारे में पूरी जानकारी दी गई होती है, इससे बैंक या वित्तीय संस्थानों को ऋण के वितरण करने में ज़रूरी जानकारी जल्दी मिल जाती है और वो लोन की मंज़ूरी जल्द दे सकते हैं.
  • इसमें Register किए गए Database की वजह से बैंक और वित्तीय कंपनियाँ धोखाधड़ी का शिकार होने से बच जाती है.
  • इसकी वजह से कोई भी व्यक्ति या संस्था एक ही सम्पत्ति या ऐसेट पर अलग-अलग वित्तीय कंपनियों से ऋण नही ले पाता है.

पब्लिक CERSAI Database से Online किसी संपत्ति की जानकारी कैसे खोज सकती है

अगर आमआदमी (Public) CERSAI Database में Register की गई संपत्तियों या Asset की जानकारी ऑनलाइन पाना चाहते हैं, तो नीचे दिए गए स्टेप्स का पालन करें :

  • CERSAI की अधिकारिक वेबसाइट ‘https://cersai.org.in/’ ओपन करें.
  • इसके होम पेज के Menu में दिए गए Public Search पर ‘Asset Based Search’ पर क्लिक करें.
  • बटन पर क्लिक करते ही ‘Search Form’ ओपन होगा, इसमें उस Asset की Detail Fill करके ज़रूरी फीस का भुगतान करें.
  • Payment होने के बाद उस Asset की Report आपकी स्क्रीन पर Display हो जाएगी, जिसे आप डाउनलोड करने के साथ अपने Email पर भी पा सकते हैं.

CERSAI Help Desk Contact Details

केंद्रीय रजिस्ट्री में किसी भी तकनीकी कठिनाई के मामले में, कृपया CERSAI Help Desk से संपर्क कर सकते हैं. CERSAI (Central Registry of Securitisation Asset Reconstruction and Security Interest of India) के पोर्टल पर किसी भी तरह की तकनीकी सहायता के लिए आप CERSAI Help Desk से संपर्क कर सकते हैं. संस्था के Help Desk से सम्पर्क करने के 3 तरीक़े होते हैं :

  • कूरियर या डाक द्वारा
  • ईमेल द्वारा
  • टेलीफोन द्वारा

अगर आप इसके हेल्प डेस्क में किसी ज़रूरी काम और सहायता के लिए Contact करना चाहते हैं, तो नीचे उसकी जानकारी दी गई है :

ईमेल द्वारा (CERSAI Help Desk Email ID)

सीईआरएसएआई के Help Desk की Email ID नीचे दी गई हैं, जिन पर ईमेल करके आप ज़रूरी सहायता प्राप्त कर सकते हैं :-

helpdesk@cersai.org.in
helpdesk@ckycindia.in

कूरियर या डाक द्वारा

अगर आप कूरियर या डाक द्वारा लेटर भेज कर सीईआरएसएआई से सम्पर्क करना चाहते हैं, तो नीचे दिए गए पते पर अपना लेटर भेजें :

C/o,
CEO - Central Registry of Securitisation Asset Reconstruction and Security Interest of India,
Tower 1, office Block,
4th Floor, Plate-A,
Near Ring Road,
NBCC, Kidwai Nagar,
New Delhi - 110023,
India

टेलीफोन द्वारा

सी॰ई॰आर॰एस॰ए॰आई॰ से सम्पर्क करने के लिए कॉल भी किया जा सकता है, जिसके लिए CERSAI Help Desk Contact Number नीचे दिया गया है :

+91-8595542303
+91-8595535979
+91-8595563144
+91-8448535339

निष्कर्ष

इस आर्टिकल के द्वारा आप CERSAI के बारे में जान चुके होंगे कि CERSAI क्या है, इसके लाभ क्या हैं, CERSAI Full Form, CERSAI Full Form in Hindi क्या है, CERSAI Stand For, CERSAI Meaning in Hindi इत्यादि.

हमें उम्मीद है कि हमारी यह पोस्ट ‘CERSAI Full Form और सीईआरएसएआई क्या है‘ आपको जरूर पसंद आएगी. इस पोस्ट को अपने दोस्तों के साथ सोशल मीडिया में ज़रूर शेयर करें, ताकि सभी लोगों को CERSAI के बारे में सही जानकारी मिल सके.

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